मां बगलामुखी मंदिर के पास उफनते नाले में बह गई कार, मृतकों में 3 बच्चे, 3 पुरुष और 2 महिलाएं शामिल; कलेक्टर-एसपी ने मौके पर पहुंचकर रेस्क्यू का जायजा लिया

आगर-मालवा। जिले के नलखेड़ा स्थित प्रसिद्ध मां बगलामुखी मंदिर के पास बीती रात मूसलधार बारिश के दौरान दर्दनाक हादसा हो गया। तेज बारिश के बीच पानी के तेज बहाव में श्रद्धालुओं से भरी एक कार नाले में बह गई। हादसे में कार सवार 8 लोगों की मौत होने की जानकारी सामने आई है। मृतकों में 3 बच्चे, 3 पुरुष और 2 महिलाएं शामिल बताए जा रहे हैं।
हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची और राहत एवं बचाव अभियान शुरू किया। देर रात से शुरू हुआ रेस्क्यू अभियान सुबह तक जारी रहा। स्थानीय लोगों की मदद से रस्सी के जरिए कार को नाले के किनारे लाया गया और इसके बाद उसमें फंसे शवों को बाहर निकाला गया।
उफनते नाले में बह गई श्रद्धालुओं की कार
बताया जा रहा है कि क्षेत्र में बीती रात तेज बारिश हो रही थी। इसी दौरान श्रद्धालुओं से भरी कार नाले में पानी के तेज बहाव की चपेट में आ गई। बारिश के कारण नाले में पानी उफान पर था और कार देखते ही देखते बह गई।
हादसा देर रात होने के कारण मौके पर बचाव कार्य में भी काफी मुश्किलें आईं। प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक कार में सवार लोगों को बाहर निकलने का पर्याप्त मौका नहीं मिल सका।
रस्सी से खींचकर कार को किनारे लाया गया
घटना की जानकारी मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंच गई थी। रात में राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया गया। सुबह स्थानीय लोगों की मदद से रस्सी के जरिए कार को खींचकर नाले के किनारे लाया गया।
इसके बाद कार में फंसे लोगों के शवों को बाहर निकाला गया। पुलिस और प्रशासन की टीम ने घटनास्थल पर आवश्यक कार्रवाई शुरू की।
ओडिशा से उज्जैन दर्शन के लिए आए थे श्रद्धालु
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार कार सवार श्रद्धालु ओडिशा से उज्जैन दर्शन के लिए आए थे। उज्जैन के बाद वे नलखेड़ा स्थित मां बगलामुखी मंदिर में दर्शन के लिए पहुंचे थे।
बताया जा रहा है कि इसी दौरान रात में कार नाले के पास पहुंची और पानी के तेज बहाव में बह गई। हादसे के बाद मंदिर और घटनास्थल के आसपास बड़ी संख्या में लोग जमा हो गए।
मृतकों में ओडिशा के श्रद्धालु शामिल
प्रारंभिक तौर पर सामने आई जानकारी के अनुसार मृतकों में ओडिशा के रहने वाले श्रद्धालु शामिल हैं। उपलब्ध जानकारी में इन चार मृतकों के नाम सामने आए हैं:
- राधा रानी, उम्र 33 वर्ष, निवासी भुवनेश्वर, ओडिशा
- ज्ञानेंद्र कुमार बेहरा, उम्र 41 वर्ष, निवासी कटक, ओडिशा
- रीता रानी, उम्र 38 वर्ष, निवासी भुवनेश्वर, ओडिशा
- कृष्णा, पिता शिवप्रसाद बेहरा, निवासी भुवनेश्वर, ओडिशा
बाकी मृतकों की पहचान की जानकारी सामने आने के बाद स्थिति स्पष्ट होगी।
कलेक्टर और एसपी ने मौके पर पहुंचकर लिया जायजा
हादसे की जानकारी मिलते ही कलेक्टर और एसपी सहित पुलिस एवं प्रशासन के अधिकारी मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और राहत एवं बचाव अभियान की जानकारी ली।
8 श्रद्धालुओं की मौत की खबर के बाद मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई। स्थानीय लोगों में घटना को लेकर नाराजगी भी देखने को मिली।
प्रशासनिक व्यवस्था को लेकर लोगों ने उठाए सवाल
घटना के बाद कुछ स्थानीय लोगों ने मंदिर क्षेत्र में बारिश के दौरान सुरक्षा और प्रशासनिक व्यवस्थाओं को लेकर सवाल उठाए। लोगों ने घटना की जांच कराने और जिम्मेदारी तय करने की मांग की।
स्थानीय लोगों की ओर से मंदिर क्षेत्र में संचालित किए जा रहे कुछ निजी हवन कुंडों को लेकर भी अव्यवस्था के आरोप लगाए गए। लोगों ने इन्हें बंद कराने की मांग को लेकर विरोध किया।
हंगामे के बीच पुलिस ने किया हल्का बल प्रयोग
विरोध और हंगामे की स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस को हल्का बल प्रयोग करना पड़ा। मौके पर कुछ समय तक तनाव की स्थिति बनी रही।
हालांकि, हादसे की वास्तविक वजह, कार किस परिस्थिति में नाले में पहुंची और वहां सुरक्षा के क्या इंतजाम थे, इसका स्पष्ट पता पुलिस और प्रशासन की जांच के बाद ही चलेगा।
