डूमरतराई मंडी में 70% सब्जियां दूसरे राज्यों से पहुंच रहीं | आवक घटने से कीमतों में बढ़ोतरी

दूसरे राज्यों पर बढ़ी निर्भरता
रायपुर में लगातार बारिश और बाढ़ का असर सब्जियों की आवक पर पड़ा है। स्थानीय फसल खराब होने के कारण मंडियों में आवक घट गई है, जबकि दूसरे राज्यों से आने वाली सब्जियों पर निर्भरता बढ़ गई है। डूमरतराई थोक सब्जी मंडी में करीब 70 प्रतिशत सब्जियां कर्नाटक, बंगाल, महाराष्ट्र और मध्य प्रदेश से पहुंच रही हैं।
आवक कम होने का सीधा असर बाजार की कीमतों पर दिखाई दे रहा है।
टमाटर समेत कई सब्जियां महंगी
खुदरा बाजार में टमाटर 40 से 50 रुपये किलो, फूलगोभी 70 से 80 रुपये, भिंडी 70 से 80 रुपये, धनिया 100 से 120 रुपये, मुनगा 100 से 120 रुपये और खीरा 40 से 50 रुपये किलो बिक रहा है। प्याज की कीमत भी बढ़कर 60 से 65 रुपये किलो तक पहुंच गई है।
वहीं, आलू की कीमत फिलहाल अपेक्षाकृत कम है और यह 20 से 25 रुपये किलो बिक रहा है।
नवरात्रि में बढ़ सकती है मांग
त्योहारी सीजन शुरू होने के साथ आने वाले दिनों में सब्जियों के अलावा फल और फूल की कीमतों में भी बढ़ोतरी की आशंका जताई जा रही है। पितृ पक्ष के बाद नवरात्रि शुरू होगी, जिससे बाजार में फल, फूल और सब्जियों की मांग बढ़ सकती है।
लगातार बारिश के कारण खेतों में पानी भरने और फसल खराब होने से स्थानीय सब्जियों की आवक सामान्य होने में समय लग सकता है। ऐसे में मांग बढ़ने और आवक कम रहने पर कीमतों में और तेजी आने की संभावना है।
बेंगलुरु से टमाटर की आवक प्रभावित
डूमरतराई थोक सब्जी मंडी के अध्यक्ष टी. श्रीनिवास रेड्डी के अनुसार, बारिश के कारण सब्जियों की आवक प्रभावित हुई है। खासकर बेंगलुरु से टमाटर की आवक काफी कम हो गई है, जिसके चलते टमाटर के दाम बढ़े हैं।
स्थानीय आवक में सुधार होने तक सब्जियों की कीमतों में उतार-चढ़ाव जारी रहने की संभावना है।
