कैबिनेट में किराया बढ़ाने पर चर्चा | अंतिम मंजूरी के बाद परिवहन मंत्री कर सकते हैं नई दरों की घोषणा
- 1. छत्तीसगढ़ में बस किराया बढ़ाने की तैयारी | 5 किमी के लिए 12 रुपये का प्रस्ताव
- 2. बस यात्रियों की जेब पर बढ़ सकता है बोझ | हर किलोमीटर के लिए 1.75 रुपये किराए का प्रस्ताव
- 3. बस किराया संशोधन पर सरकार की सहमति के संकेत | अंतिम फैसला कैबिनेट की मंजूरी के बाद

कैबिनेट में हुई किराया बढ़ाने पर चर्चा
रायपुर: छत्तीसगढ़ में यात्री बसों से सफर करने वालों के लिए किराया बढ़ने की संभावना है। 30 सितंबर 2026 को हुई मंत्रिपरिषद की बैठक में यात्री बस किराया बढ़ाने के प्रस्ताव पर चर्चा हुई। परिवहन सचिव एस. प्रकाश के अनुसार, प्रस्ताव पर जल्द निर्णय लिया जा सकता है। विभागीय प्रक्रिया पूरी होने और अंतिम मंजूरी के बाद नई दरों की घोषणा परिवहन मंत्री केदार कश्यप कर सकते हैं।
5 किलोमीटर के लिए 12 रुपये का प्रस्ताव
प्रस्तावित दर के अनुसार सामान्य सीटिंग बस में शुरुआती 5 किलोमीटर के लिए 12 रुपये किराया हो सकता है। वर्तमान में इस दूरी के लिए 10 रुपये किराया बताया गया है। इसके बाद प्रत्येक किलोमीटर के लिए करीब 1.75 रुपये किराया प्रस्तावित है, जबकि मौजूदा दर करीब 1 रुपये प्रति किलोमीटर है। हालांकि कैबिनेट की चर्चा और विभागीय प्रक्रिया के बाद अंतिम दरों में बदलाव संभव है।
बसों की श्रेणी और दूरी के आधार पर दर
परिवहन विभाग ने किराया संशोधन का प्रस्ताव तैयार किया है। इसमें बसों की अलग-अलग श्रेणियों और यात्रा की दूरी के आधार पर किराया निर्धारित करने का प्रावधान हो सकता है। प्रस्ताव को संबंधित विभागों की प्रक्रिया से गुजरने के बाद अंतिम रूप दिया जाएगा।
चार साल से किराया बढ़ाने की मांग
बस संचालक संगठन लंबे समय से किराया संशोधन की मांग कर रहे हैं। सितंबर में परिवहन मंत्री केदार कश्यप के साथ हुई बैठक में बस ऑनर फेडरेशन ने साधारण बसों के किराए में 75 प्रतिशत और डीलक्स बसों में 30 प्रतिशत बढ़ोतरी की मांग रखी थी। संचालकों ने डीजल, रखरखाव, स्पेयर पार्ट्स और अन्य परिचालन खर्च बढ़ने का हवाला दिया था।
अंतिम दर और लागू होने की तारीख का इंतजार
फिलहाल प्रस्तावित किराया ही सामने आया है। नई दरें कितनी होंगी और किस तारीख से लागू होंगी, यह अंतिम सरकारी निर्णय के बाद स्पष्ट होगा। इसलिए यात्रियों के लिए अभी मौजूदा किराया व्यवस्था ही लागू मानी जाएगी।
