रियासतकालीन परंपरा से जुड़े बालाजी मंदिर से रणजीता स्टेडियम तक पहुंचेगी शोभायात्रा, 10 गोविंदा दलों ने कराया पंजीयन

जशपुर। जशपुर की पहचान सिर्फ अपनी प्राकृतिक सुंदरता के लिए नहीं, बल्कि रियासतकाल से चली आ रही धार्मिक और सांस्कृतिक परंपराओं के लिए भी है। इसी विरासत से जुड़ा शहर का रियासतकालीन बालाजी मंदिर इस बार कृष्ण जन्माष्टमी के विशेष आयोजन का केंद्र बनने जा रहा है। श्री बालाजी जन कल्याण समिति की ओर से आयोजित मटकी फोड़ प्रतियोगिता के लिए पहली बार गोविंदा दलों की शोभायात्रा इसी ऐतिहासिक मंदिर से निकाली जाएगी।
राजपुरोहित मनोज रमाकांत मिश्रा के अनुसार जशपुर के बालाजी मंदिर का संबंध राजपरिवार और रियासतकालीन धार्मिक परंपराओं से रहा है। रियासतकाल में भगवान बालाजी को राज्य के स्वामी के रूप में प्रतिष्ठित किया गया था। इसी कारण जशपुर के प्रमुख धार्मिक आयोजनों में बालाजी मंदिर और राजपरिवार की परंपरा का विशेष महत्व रहा है। आज भी इस विरासत से जुड़े धार्मिक आयोजनों में राजपरिवार की सहभागिता देखने को मिलती है।
कृष्ण जन्माष्टमी पर बालाजी मंदिर में भगवान श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव की परंपरा धार्मिक विधि-विधान और भक्ति भाव के साथ निभाई जाती है। जन्माष्टमी के दिन मंदिर में श्रद्धालुओं की संख्या बढ़ जाती है। इस बार इसी धार्मिक परंपरा को शहर के सार्वजनिक उत्सव से जोड़ते हुए गोविंदा दलों की शोभायात्रा निकालने की तैयारी की गई है।
बालाजी मंदिर से रणजीता स्टेडियम तक निकलेगी शोभायात्रा
जशपुर में मटकी फोड़ प्रतियोगिता का आयोजन वर्ष 2008 से लगातार किया जा रहा है। आयोजन के 20वें वर्ष में समिति ने पहली बार गोविंदा दलों को शोभायात्रा के रूप में प्रतियोगिता स्थल तक ले जाने का निर्णय लिया है।
शोभायात्रा बालाजी मंदिर से शुरू होकर बाला साहेब देशपांडे चौक और सिटी कोतवाली होते हुए रणजीता स्टेडियम पहुंचेगी। इस दौरान गोविंदा दलों के साथ भक्ति संगीत और शहरवासियों की सहभागिता से माहौल को उत्सवमय बनाने की तैयारी है।
राजपुरोहित मनोज रमाकांत मिश्रा के अनुसार बालाजी मंदिर से शोभायात्रा की शुरुआत करना केवल एक आयोजन नहीं, बल्कि जशपुर की पुरानी धार्मिक विरासत को नई पीढ़ी से जोड़ने का प्रयास है।
10 गोविंदा दलों ने कराया पंजीयन
रणजीता स्टेडियम में होने वाली मटकी फोड़ प्रतियोगिता के लिए अब तक 10 गोविंदा दलों का पंजीयन हो चुका है। आयोजन के शुरुआती वर्षों से प्रतियोगिता में शामिल होने वाली ‘कुली नंबर वन’ टीम को भी अतिरिक्त प्रवेश दिए जाने की संभावना बताई गई है।
इस बार प्रतियोगिता को देर रात तक चलाने के बजाय दोपहर से ही अलग-अलग चरणों में आयोजित किया जाएगा। दोपहर 12 बजे संगीतमय कार्यक्रमों के साथ आयोजन की शुरुआत होगी। इनके बीच मटकी फोड़ प्रतियोगिता के अलग-अलग राउंड आयोजित किए जाएंगे। समिति का लक्ष्य रात करीब 8 बजे तक प्रतियोगिता पूरी करने का है।
सुरक्षा और स्वास्थ्य व्यवस्था पर भी रहेगा जोर
आयोजन के दौरान सुरक्षा और यातायात व्यवस्था को लेकर जिला प्रशासन के साथ समन्वय किया गया है। पुलिस बल के अलावा एसआईएस के सुरक्षा गार्ड और समिति के स्वयंसेवक व्यवस्था संभालेंगे।
रणजीता स्टेडियम में स्वास्थ्य विभाग की मेडिकल टीम भी मौजूद रहेगी। समिति ने गोविंदा दलों से विशेष सावधानी बरतने की अपील की है। मटकी फोड़ प्रतियोगिता के दौरान कड़ा, अंगूठी, गहने, धागे या ऐसी अन्य वस्तुएं नहीं पहनने की सलाह दी गई है, जिनसे प्रतिभागियों को चोट लगने का खतरा हो।
झारखंड और मध्यप्रदेश के कलाकार देंगे प्रस्तुति
मटकी फोड़ प्रतियोगिता के साथ रणजीता स्टेडियम में भक्ति संगीत का भी आयोजन किया जाएगा। कार्यक्रम में झारखंड की नागपुरी गायिका सरस्वती बुनकर और अनिल मुंडा, दुर्ग के डीजे रायडर, मध्यप्रदेश के अनूपपुर की गायिका अंजली गुप्ता और जशपुर के कोतबा के गायक संदीप शर्मा अपनी प्रस्तुतियां देंगे।
इससे जन्माष्टमी समारोह में धार्मिक आयोजन के साथ सांस्कृतिक रंग भी देखने को मिलेगा।
धार्मिक विरासत और आधुनिक उत्सव का संगम
इस बार जशपुर की कृष्ण जन्माष्टमी कई मायनों में खास रहने वाली है। रियासतकालीन बालाजी मंदिर से निकलने वाली शोभायात्रा, राजपरिवार से जुड़ी धार्मिक विरासत, गोविंदा दलों का उत्साह और भक्ति संगीत एक साथ शहर में जन्माष्टमी के उत्सव को भव्य रूप देंगे।
आयोजकों का प्रयास है कि धार्मिक परंपराओं को बनाए रखते हुए नई पीढ़ी और शहरवासियों को भी इस आयोजन से जोड़ा जाए। बालाजी मंदिर से रणजीता स्टेडियम तक निकलने वाली शोभायात्रा इस बार जन्माष्टमी समारोह का प्रमुख आकर्षण बनने की उम्मीद है।
इसे भी पढ़े…..
जन्माष्टमी पर रायगढ़ में बदलेगा ट्रैफिक रूट, 2 से 6 सितंबर तक एकांगी मार्ग व्यवस्था; जानें डायवर्सन और पार्किंग की पूरी जानकारी
कृपया मेरे यूट्यूब चैनल को भी सब्सक्राइब करे : धन्यवाद…
इसे भी पढ़े…..
- राजनांदगांव के स्कूल में आखिर क्या हुआ? छात्रा की शिकायत पर शिक्षक गिरफ्तार, दूसरे आरोपी की तलाश

- रायपुर से विशाखापट्टनम का सफर बदलेगा? 465 किमी का नया कॉरिडोर खोल देगा विकास का रास्ता

- शिक्षक दिवस पर छत्तीसगढ़ में बड़ा सम्मान, 63 शिक्षकों को राज्यपाल पुरस्कार; 64 नामों का ऐलान

- 13 साल बाद झीरम घाटी कांड में आया फैसला, 10 आरोपी दोषी; अब सजा पर टिकी निगाहें

- बिग बॉस 20 के प्रोमो में कौन है ये चेहरा? बादशाह से जुड़े नाम पर मचा सस्पेंस

Most Viewed Posts
- छत्तीसगढ़ के 42 नर्सिंग संस्थानों की मान्यता रद्द, रायपुर के 15 कॉलेज शामिल
- लेबर क्वार्टर हादसे में कंपनी मालिकों पर एफआईआर, महिला मजदूर की मौत के बाद पुलिस की बड़ी कार्रवाई
- सहकारिता सप्ताह का समापन, किसानों को मिली योजनाओं की जानकारी
- ऑपरेशन क्लीन हंट के तहत रायगढ़ पुलिस की बड़ी कार्रवाई, 49.50 लाख की चिटफंड ठगी मामले में दो फरार आरोपी गिरफ्तार
- छत्तीसगढ़ पुलिस में बड़ा प्रमोशन, 61 SI बने इंस्पेक्टर




